दिनांक: 24/02/2026
माय भारत केंद्र, जयपुर में आयोजित अंतर-राज्यीय युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम में राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला के छात्र अक्षित शर्मा ने बढ़ाया हिमाचल का मान ।
युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के सौजन्य से माय भारत केंद्र, जयपुर (राजस्थान) में आयोजित पाँच दिवसीय अंतर-राज्यीय युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम में राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय धर्मशाला के राजनीतिक शास्त्र विभाग के तृतीय वर्ष के छात्र अक्षित शर्मा ने सक्रिय सहभागिता निभाते हुए जिला कांगड़ा तथा हिमाचल प्रदेश की समृद्ध संस्कृति और परंपराओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।
इस राष्ट्रीय स्तर के शिविर में हिमाचल प्रदेश से कुल 40 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें से 7 प्रतिभागी जिला कांगड़ा का प्रतिनिधित्व कर रहे थे। अक्षित शर्मा ने अपने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से न केवल महाविद्यालय का नाम रोशन किया, बल्कि पूरे हिमाचल की सांस्कृतिक विरासत की झलक राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत की। अक्षित शर्मा ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा इस शिविर के दौरान विभिन्न राज्यों से आए युवाओं के साथ सांस्कृतिक आदान-प्रदान का अवसर मिला। हमने हिमाचल की लोक परंपराओं, वेशभूषा और सांस्कृतिक गतिविधियों को साझा किया, वहीं राजस्थान की समृद्ध संस्कृति को भी नजदीक से समझने और सीखने का अवसर प्राप्त हुआ। यह अनुभव मेरे लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायी रहा।
विभागीय मार्गदर्शन
राजनीतिक शास्त्र विभाग के सह-आचार्य प्रो. अश्वनी कुमार ने कहा ऐसे राष्ट्रीय कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। अक्षित शर्मा ने जिस आत्मविश्वास और गरिमा के साथ हिमाचल की संस्कृति को प्रस्तुत किया, वह विभाग के लिए गर्व का विषय है। वहीं सह-आचार्य प्रो. संजय कुमार ने अपने संदेश में कहा युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम राष्ट्रीय एकता और विविधता में एकता की भावना को मजबूत करते हैं। विद्यार्थियों को देश के विभिन्न हिस्सों की सामाजिक, सांस्कृतिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को समझने का अवसर मिलता है, जो उनके शैक्षणिक और व्यावहारिक ज्ञान को समृद्ध करता है।
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. राकेश पठानिया ने अक्षित शर्मा को बधाई देते हुए कहा हमारे विद्यार्थी जब राष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा और संस्कृति का प्रदर्शन करते हैं, तो वह पूरे संस्थान और प्रदेश के लिए गौरव का क्षण होता है। ऐसे कार्यक्रम युवाओं में नेतृत्व क्षमता, राष्ट्रीय एकता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को सुदृढ़ करते हैं। महाविद्यालय सदैव विद्यार्थियों को ऐसे अवसरों के लिए प्रोत्साहित करता रहेगा। उन्होंने बताया पाँच दिवसीय इस शिविर ने युवाओं को विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक विविधता से परिचित कराने के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता और पारस्परिक समझ को भी सुदृढ़ किया। अक्षित शर्मा की सहभागिता ने यह सिद्ध किया कि हिमाचल का युवा राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने में सक्षम है।
