दिनांक: 03/08/2026
राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला में गरिमापूर्ण ढंग से मनाया गया वाणिज्य दिवस, पौधारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला के वाणिज्य विभाग द्वारा वाणिज्य दिवस उत्साह एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, प्राध्यापकों एवं महाविद्यालय प्रशासन की सक्रिय भागीदारी रही। इस अवसर पर शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. हर्ष दीपिका दत्ता के मुख्य व्याख्यान से हुआ। उन्होंने “वाणिज्य : नवाचार, उद्यमिता एवं राष्ट्र निर्माण की दिशा” विषय पर अपने विचार रखते हुए कहा कि वर्तमान समय में वाणिज्य केवल व्यापार तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की आर्थिक प्रगति, रोजगार सृजन, नवाचार और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण का महत्वपूर्ण आधार बन चुका है। उन्होंने विद्यार्थियों को डिजिटल कौशल, आलोचनात्मक चिंतन, नैतिक व्यावसायिक मूल्यों तथा सामाजिक उत्तरदायित्व को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने समकालीन व्यावसायिक प्रवृत्तियों, नवाचार आधारित व्यावसायिक विचारों तथा आर्थिक विषयों पर प्रभावशाली प्रस्तुतियां दीं। उनकी रचनात्मक सोच एवं विषय की गहन समझ ने सभी उपस्थितजनों को प्रभावित किया।
इस अवसर पर महाविद्यालय परिसर में प्राचार्य प्रो. राकेश पठानिया, प्राध्यापकों एवं विद्यार्थियों द्वारा पौधारोपण किया गया। इस पहल के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, हरित परिसर तथा सतत विकास के प्रति महाविद्यालय की प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से अभिव्यक्त किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. राकेश पठानिया ने वाणिज्य विभाग की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ सामाजिक एवं पर्यावरणीय दायित्वों का निर्वहन भी प्रत्येक विद्यार्थी का कर्तव्य है तथा इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, नैतिक मूल्यों और राष्ट्र निर्माण की भावना को सुदृढ़ करते हैं।
कार्यक्रम के दौरान सभी विद्यार्थियों ने उत्कृष्टता प्राप्त करने, ईमानदारी एवं व्यावसायिक नैतिकता का पालन करने, नवाचार एवं तकनीक को अपनाने, सतत एवं समावेशी आर्थिक विकास को बढ़ावा देने तथा राष्ट्र के जिम्मेदार नागरिक बनने की सामूहिक शपथ भी ली।
इस अवसर पर डॉ. स्नेहलता, डॉ. अंजना रानी, डॉ. हर्ष दीपिका दत्ता एवं डॉ. बिट्टू सहित विभाग के प्राध्यापकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्र निर्माण, ज्ञान, नैतिकता एवं नवाचार के प्रति नई ऊर्जा और संकल्प के साथ हुआ।
